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श्रवण एवं अभ्यास

पूजन-विधान की लय सीखें

22 प्रमुख छन्दों की सरल वीडियो मार्गदर्शिका। प्रत्येक छन्द के साथ वे प्रचलित भजन दिए हैं जिनकी धुन में वह गाया जा सकता है। प्रस्तुति: पं. समकित शास्त्री।

01

दोहा छन्द

इन भजनों की धुन में

  • करलो जिनवर का गुणगान…
  • मीठे रस से भरी जिनवाणी…
  • निर्ग्रंथों का मार्ग…
  • आओ रे आओ रे ज्ञानानंद…

02

वीर छन्द

इसी लय में: ताटंक / मत्त सवैया

इन भजनों की धुन में

  • जिनवर दरबार तुम्हारा…
  • प्रभु जी अब ना भटकेंगे संसार में…
  • मां जिनवाणी बसो हृदय में…
  • जंगल में मुनिराज अहो…

03

चौपाई छन्द

इसी लय में: बेसरी

इन भजनों की धुन में

  • भावे भजों, भावे भजों…
  • मेरे मन मन्दिर में आना…
  • धन्य-धन्य वीतराग वाणी…
  • मुनिवर आज मेरी कुटिया में…

04

रोला छन्द

इसी लय में: चान्द्रायण / अडिल्ल

इन भजनों की धुन में

  • हे प्रभु चरणों में तेरे…
  • वर्तमान को वर्धमान की…
  • मुनिराजों का मार्ग प्यारा लगता है…
  • एक दिन उड़ जाएगा चेतन…

05

हरिगीतिका छन्द

इसी लय में: गीतिका

इन भजनों की धुन में

  • जिनवर दरबार तुम्हारा…
  • हे गुरुवर धन्य हो तुम…
  • साधना के रास्ते…
  • जहां राग-द्वेष की गंध नहीं…

06

सोरठा छन्द

इन भजनों की धुन में

  • करलो जिनवर का गुणगान…
  • जिनवाणी माता दर्शन की बलिहारियां…
  • म्हारा परम दिगम्बर मुनिवर…

दोहा के समान गा सकते हैं।

07

विधाता छन्द

इसी लय में: रेखता / मोतियादाम

इन भजनों की धुन में

  • तिहारे ध्यान की मूरत…
  • तुम्हारे दर्श बिन स्वामी…
  • परम उपकारी जिनवाणी…
  • धन्य मुनिराज हमारे हैं…

08

मानव छन्द

इसी लय में: सखी / पायत्ता

इन भजनों की धुन में

  • रे मन भज ले श्री भगवान…
  • मोक्ष के प्रेमी हमने…
  • तू जाग रे चेतन प्राणी…
  • जिनशासन बड़ा निराला…

09

जोगीरासा छन्द

इसी लय में: सार / नरेंद्र

इन भजनों की धुन में

  • बोलो जय हो जय हो जय…
  • धन्य-धन्य जिनवाणी माता…
  • पावन हो गई आज ये धरती…

वीर छन्द के भजनों की धुन में भी गा सकते हैं।

10

अवतार छन्द

इन भजनों की धुन में

  • बाजे कुण्डलपुर में बधाई…
  • माता तू दया करके…

चौबीस तीर्थंकर अर्घ्य की लय।

11

पद्धरी छन्द

इसी लय में: त्रोटक

इन भजनों की धुन में

  • नाथ तुम्हारी पूजा में…
  • जब जन्म हुआ तीर्थंकर का…

चौपाई छन्द के भजनों की धुन में भी गा सकते हैं।

12

पंचचामर छन्द

इसी लय में: कामिनीमोहन / लक्ष्मीधरा / नाराच

नीर गंध अक्षतान पुष्प चारु लीजिये।दीप धूप श्रीफलादि अर्घ तें जजीजिये॥

इन भजनों की धुन में

  • वीर जी की सेना चली…
  • जय जिनेन्द्र, जय जिनेन्द्र बोलिए…

13

दिग्पाल छन्द

इन भजनों की धुन में

  • दिन-रात मेरे स्वामी…
  • चरणों में आ पड़ा हूँ…
  • जिनधर्म की डगर पर…

14

दिग्वधु छन्द

इन भजनों की धुन में

  • अशरीरी सिद्ध भगवान…
  • माता तू दया करके…
  • चाहे अंधियारा हो…

15

द्रुतविलंबित छन्द

इसी लय में: सुन्दरी

होय च्युत महाशुक्र विमान से, आये विजया माता गर्भ में।

इन भजनों की धुन में

  • गर्भ कल्याणक आ गया…

16

चौपाई आंचलीबद्ध छन्द

इन भजनों की धुन में

  • पंचमेरु पूजन की लय

चौपाई छन्द के भजनों की धुन में भी गा सकते हैं।

17

लावणी छन्द

इसी लय में: राधिका

अरनाथ जिनेश्वर, दुर्लभ दर्शन पाया।हे जगतपूज्य! पूजा का भाव जगाया॥

इन भजनों की धुन में

  • हे सीमंधर भगवान शरण ली तेरी।

18

भुजंगप्रयात छन्द

इन भजनों की धुन में

  • प्रभू आपने एक ज्ञायक…
  • पार्श्वनाथ स्तोत्र की लय
  • दिन-रात स्वामी तेरे गीत…

19

इन्द्रवज्रा छन्द

इसी लय में: उपेन्द्रवज्रा

नित्याप्रकंपाद्भुत-केवलौघाः स्फुरन्मनः पर्य-शुद्धबोधाः।

इन भजनों की धुन में

  • परमर्षि स्वस्ति मंगल पाठ की लय
शिखरिणीPlaylist में सुनें

22

शिखरिणी छन्द

यदीये चैतन्ये मुकुर इव भावाश्चिदचिताः

इन भजनों की धुन में

  • महावीराष्टक स्तोत्र की लय

सभी वीडियो SAMKIT SHASTRI YouTube चैनल से। अन्य लय अथवा सुझाव के लिए पं. समकित शास्त्री से सम्पर्क करें।