
दिवस 01 · 16 सितम्बर 2026, बुधवार · Day 1
तिथि: भाद्रपद शुक्ल पंचमीBhadrapada Shukla Panchami
उत्तम क्षमा धर्म
Uttam Kshama — Supreme Forgiveness
क्रोध के अभाव में आत्मा में प्रकट होने वाली शान्ति
परिचय · Introduction
क्षमास्वभावी आत्मा के आश्रय से आत्मा में जो क्रोध के अभावरूप शान्तिस्वरूप पर्याय प्रकट होती है, उसे क्षमा कहते हैं। क्रोध आत्मा की ऐसी विकृति है जिससे विवेक समाप्त हो जाता है और भले-बुरे की पहचान नहीं रहती। दशलक्षण धर्म का क्रम उत्तम क्षमा से आरम्भ होता है।
विरोधी भाव · Opposes: क्रोध
आज की साधना · Today's practice
- दशलक्षण पूजन के उत्तम क्षमा अंश का अर्थ सहित पाठ
- कटु वचन सुनकर भी मन में खेद न लाने का अभ्यास
- जिनसे मनमुटाव हो, उनके प्रति मन से वैर-भाव छोड़ने का संकल्प
आज की पूजन
Today's pujan
दशलक्षण धर्म पूजन — कविवर पं. द्यानतरायजी
पूजन — अर्थ सहित · With meaning
दशलक्षण धर्म पूजन — सरल अर्थ सहित
कविवर पं. द्यानतरायजी
PDF13 पृष्ठ3.6 MB
Openविधान एवं अर्घ्य
Vidhan and arghya
श्री दशलक्षण धर्म विधान — कविवर पं. राजमलजी पवैया
आज की धर्मांग पूजा · Today's vidhan puja
उत्तम क्षमा धर्मांग पूजा
कविवर पं. राजमलजी पवैया
PDF36 पृष्ठ6.2 MB
Openसुनें और साथ में पूजन करें
Listen and join in
स्वर · Voices: पं. सुनीलजी शास्त्री एवं सुश्री श्वेतल जैन, राजकोट — सर्वोदय अहिंसा
आज की धर्मांग पूजा · Today's vidhan puja
उत्तम क्षमा धर्म पूजन
कविवर पं. राजमलजी पवैया
दशलक्षण धर्म पूजन · Daily pujan
दशलक्षण धर्म पूजन
कविवर पं. द्यानतरायजी
आज का अर्घ्य — पूजन · Today's arghya (pujan)
उत्तम क्षमा धर्म अर्घ्य
आज का अर्घ्य — विधान · Today's arghya (vidhan)
उत्तम क्षमा धर्म अर्घ्य — विधान
कविवर पं. राजमलजी पवैया
उत्तम क्षमा धर्म पर प्रवचन
Today's pravachan
विद्वानों के प्रवचन — वर्ष एवं स्थान के अनुसार
बाल ब्र. पं. रवीन्द्रजी ‘आत्मन्’Baal Br. Pt. Ravindra Ji ‘Aatman’ · 2 talks
डॉ. हुकमचन्द भारिल्लDr. Hukamchand Bharill · 1 talk
बाल ब्र. पं. सुमतप्रकाशजीBaal Br. Pt. Sumat Prakash Ji · 6 talks
डॉ. संजीव गोधाDr. Sanjeev Godha · 1 talk
भक्ति एवं लय
Bhakti and tunes
पूजन-विधान के छन्द किस धुन में गाएँ, और भजन संग्रह
काव्य
Poems
उत्तम क्षमा धर्म पर कविताएँ — पढ़ें, गाएँ और बच्चों को सिखाएँ
भव्य प्रमोदकवित्त
उत्तम क्षमा
क्षमा और शांति में सुखी रहै सदैव जीव,क्रोध में न एक पल रहै सुख चैन से।आवत ही क्रोध अङ्ग–अङ्ग से पसेव गिरै,होठ डसै, दाँत घिसै, आग झरै नैन से॥औरन को मारै, आपनो शरीर कूट डारै,नाक भौं चढ़ाय कुराफात बकै बैन से।ज्ञान–ध्यान भूल जात, आपा–पर करै घात,ऐसे रिपु क्रोध को भगावो क्षमा सैन से॥
समकित शास्त्री
उत्तम क्षमा धर्म
क्षमा धर्म का मूल है।क्रोध को करना भूल है।।क्रोध क्षमा से मिटता है।क्रोधी मानव पिटता है।।क्रोध से द्विपायन नरक गए।क्षमा से यशोधर मुक्त हुए।।
क्षमा का anti–virus हमारे operating system को cool down रखता है और क्रोध virus से बचाता है।
विराग शास्त्रीबच्चों के लिए · for children
उत्तम क्षमा धर्म
क्षमा धर्म है सबसे प्यारा,आतम का स्वभाव है न्यारा॥क्रोध विकारी भाव है,उससे होते पाप हैं॥क्षमा जीव का गहना है,मुनिराजों का कहना है॥क्रोध बढ़े तो शांत रहो,अपने में विश्राम करो॥
कविताएँ चित्रों से टाइप की गई हैं; कोई त्रुटि दिखे तो बताएँ। Typed from the original cards — please tell us if you spot a mistake.
अध्ययन
Study
आज के धर्म को समझने के लिए
आज के चित्र
Today's images
WhatsApp स्टेटस या पाठशाला में साझा करने के लिए
आज आपने क्या सीखा? · What did you learn today?
उत्तम क्षमा — आज की प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता
Today's quiz competition



